उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने ग्राम औरंगाबाद स्थित पतंजलि वेलनेस योगग्राम में प्रथम पतंजलि आयुर्वेद गुरुकुलम् का शुभारंभ किया। इस अवसर पर सीएम पुष्कर सिंह धामी ने योगगुरु स्वामी रामदेव, आचार्य बालकृष्ण और पतंजलि परिवार को बधाई दी। सीएम धामी ने कहा कि यह संस्थान भारतीय ज्ञान परंपरा और आधुनिक शिक्षा के समन्वय का सशक्त केंद्र बनेगा। स्वामी रामदेव की प्रेरणा से योग घर-घर पहुंचा है और पूरी दुनिया में लोगों को स्वस्थ बनाने का काम हुआ है।
आधुनिक युग से जोड़ने की दिशा में कदम
सीएम पुष्कर सिंह धामी ने आगे कहा कि, “इसी प्रकार आचार्य बालकृष्ण ने आयुर्वेद के क्षेत्र में कई जड़ी-बूटियों की खोज की है और आयुर्वेद के अनेक ग्रंथ लिखे है। मुख्यमंत्री ने कहा कि हरिद्वार आस्था, संस्कृति और सनातन परंपरा का प्रमुख केंद्र है। ऐसे में देवभूमि में पतंजलि आयुर्वेद गुरुकुलम् की स्थापना भारत की प्राचीन ज्ञान परंपरा को आधुनिक युग से जोड़ने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
समग्र विकास पर विशेष जोर
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राष्ट्रीय शिक्षा नीति-2020 में कौशल, नवाचार, भारतीय ज्ञान परंपरा और विद्यार्थियों के समग्र विकास पर विशेष जोर दिया गया है। देवभूमि उत्तराखंड में भी इसे प्रभावी ढंग से लागू किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आधुनिकता और परंपरा एक-दूसरे की विरोधी नहीं, बल्कि पूरक हैं। अपनी विरासत से जुड़कर आधुनिक ज्ञान हासिल करने वाली युवा पीढ़ी भविष्य का बेहतर ढंग से सामना कर सकती है। नागरिकों को रोजगार के अवसर पैदा हो रहे है। इससे लाखों परिवारों के घरों में खुशियां हैं।











