प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल की बैठक आयोजित हुई। इस बैठक में लघु और मध्यम उद्यमों के विकास के लिए ऐतिहासिक फैसला लिया गया है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यमों (SMEs) में सीधे इक्विटी निवेश के लिए 10,000 करोड़ के SME ग्रोथ फंड की स्थापना को मंज़ूरी दी है।
निवेश से औद्योगिक विकास को बढ़ावा
इससे लघु और मध्यम उद्यमों को अपना कारोबार बढ़ाने, नई तकनीकें अपनाने, उत्पादन क्षमता बढ़ाने और अंतरराष्ट्रीय बाज़ारों में विस्तार करने के लिए ज़रूरी वित्तीय सहायता मिलेगी। इसके साथ ही टियर-II और टियर-III शहरों में निवेश से औद्योगिक विकास को भी बढ़ावा मिलेगा और रोज़गार के नए अवसर पैदा होंगे।
सूक्ष्म और लघु उद्यमों को पूंजी होगी उपलब्ध
सूक्ष्म और लघु उद्यमों को विकास के लिए पूंजी उपलब्ध कराने के लिए यह बड़ा फैसला लिया गया है। इससे विनिर्माण, प्रौद्योगिकी और नवाचार के क्षेत्रों में कार्यरत उद्यमों के विस्तार, रोजगार सृजन और वैश्विक प्रतिस्पर्धात्मकता को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, परिवहन और लॉजिस्टिक्स क्षेत्र में क्षमता निर्माण, प्रशिक्षण, कौशल विकास, अनुसंधान और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए ITLA की स्थापना का फैसला लिया गया है।












