दिल्ली सरकार ने सरकारी स्कूलों की तस्वीर बदलने के लिए विशेष अभियान शुरू किया है। ‘मिशन कायाकल्प’ से दिल्ली सरकार विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध करवा रही है। मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता का कहना है कि, “राजधानी के सरकारी स्कूलों को केवल शिक्षा का केंद्र ही नहीं, बल्कि बच्चों के लिए सुरक्षित, स्वच्छ, आधुनिक और प्रेरणादायक शिक्षण परिसर बनाना उद्देश्य है”।
छात्रों को मिलेंगी बेहतर सुविधाएं
सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि, इस अभियान के तहत राजधानी के विभिन्न जिलों में चयनित सरकारी स्कूलों में आधारभूत ढांचे को मजबूत करने और विद्यार्थियों को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए व्यापक स्तर पर सुधार कार्य किए जा रहे हैं।
स्कूलों में सकारात्मक बदलाव
मुख्यमंत्री ने बताया कि मिशन कायाकल्प को जिला प्रशासन, शिक्षा विभाग, कॉरपोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) के तहत सहयोग देने वाली संस्थाओं, विभिन्न सामाजिक संगठनों, मार्केट एसोसिएशनों और स्थानीय समुदाय के सहयोग से आगे बढ़ाया जा रहा है। सरकारी संसाधनों के साथ-साथ समाज की भागीदारी से स्कूलों में तेजी से सकारात्मक बदलाव देखने को मिल रहे हैं।
‘मिशन कायाकल्प’ हो रहा साकार
दिल्ली सरकार के ‘मिशन कायाकल्प’ के तहत विभिन्न जिलों में सरकारी स्कूलों में तेजी से बदलाव या रहा है। सीएम रेखा गुप्ता ने कहा कि, उत्तर जिले में छह सरकारी स्कूलों का निरीक्षण करने के बाद दो विद्यालयों का चयन किया गया। लगभग 16.20 लाख रुपये की लागत से शंकराचार्य मार्ग स्थित विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए सेंसरी पार्क का नवीनीकरण, आरओ प्लांट और वॉटर कूलर लगाए गए। वहीं रूप नगर स्थित सरकारी स्कूल में विद्यार्थियों की प्रयोगात्मक शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए भौतिक विज्ञान प्रयोगशाला का आधुनिकीकरण किया गया।
बेहतर सुविधाओं पर फोकस
मुख्यमंत्री ने कहा कि मिशन कायाकल्प केवल रंग-रोगन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह सरकारी स्कूलों के समग्र रूपांतरण का अभियान है। इसके तहत स्कूल भवनों की मरम्मत, दीवारों की पेंटिंग एवं वाइटवॉश, जर्जर शौचालयों का नवीनीकरण, स्वच्छ पेयजल के लिए आरओ प्लांट और वॉटर कूलर की स्थापना, विज्ञान प्रयोगशालाओं का आधुनिकीकरण, विशेष आवश्यकता वाले बच्चों के लिए सुविधाओं का विकास, स्कूल परिसरों का सौंदर्यीकरण, हरियाली बढ़ाने और विद्यार्थियों के लिए सुरक्षित एवं सकारात्मक वातावरण तैयार करने जैसे अनेक कार्य प्राथमिकता के आधार पर किए जा रहे हैं।











