उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने देहरादून में आयोजित ‘युवा अग्निवीर संवाद’ कार्यक्रम में शिरकत की। इस दौरान सीएम धामी ने बड़ी घोषणा करते हुए कहा कि उत्तराखंड देश का पहला राज्य बनेगा, जहां सेवामुक्त अग्निवीरों के पुनर्वास और विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए विशेष ‘अग्निवीर सेल’ की स्थापना की जाएगी। इसके साथ ही पर्यटन विभाग की होमस्टे योजना के तहत पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों को विशेष अनुदान भी दिया जाएगा।
विशेष अनुदान की व्यवस्था
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा कि सीमावर्ती गांवों में स्थानीय निवासियों, पूर्व सैनिकों और अग्निवीरों को स्वरोजगार से जुड़ी अवस्थापना सुविधाएं विकसित की जाएगी। जिसके लिए उन्हें विशेष अनुदान दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार की प्राथमिकता है की सेना में सेवा देने वाले प्रत्येक युवा को सम्मानजनक भविष्य उपलब्ध हो।
10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण
इसके अलावा मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार ने सेवामुक्त अग्निवीरों को पुलिस, वन विभाग और आपदा प्रबंधन सहित विभिन्न सरकारी सेवाओं में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण दिया जाएगा। इसके साथ ही अधिकतम आयु सीमा में छूट दी जाएगी और भर्ती प्रक्रियाओं में प्राथमिकता की व्यवस्था की है। उन्होंने कहा कि अग्निवीर बनना सिर्फ रोजगार नहीं, बल्कि राष्ट्रसेवा का सर्वोच्च अवसर है।
शहीदों और सैनिक परिवारों को सुविधाएं
मुख्यमंत्री धामी ने कहा कि राज्य सरकार शहीदों और सैनिक परिवारों के कल्याण के लिए निरंतर कार्य कर रही है। शहीद परिवारों की अनुग्रह राशि 10 लाख रुपये से बढ़ाकर 50 लाख रुपये की गई है। आश्रितों के सरकारी सेवा में समायोजन, सरकारी नौकरी के लिए आवेदन की समय-सीमा दो वर्ष से बढ़ाकर पांच वर्ष की गई है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में उत्तराखंड विकास की ओर तेजी से आगे बढ़ रहा है। विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाएं चलाई जा रही है। वहीं धार्मिक यात्राओं से उत्तराखंड के पर्यटन को रफ्तार मिली है।










