तमिलनाडु में बढ़ती आगजनी की घटनाओं को लेकर राज्य सरकार गंभीर हो गई है। राज्य सरकार जंगलों की सुरक्षा और इंसानों और वन्यजीवों के बीच बढ़ते संघर्ष को रोकने के लिए निरंतर प्रयासरत है और अब सरकार ने आधुनिक तकनीक का सहारा लेने का फैसला किया है।
हेवी-लिफ्ट ड्रोन होंगे तैनात
राज्य सरकार जल्द ही हेवी-लिफ्ट ड्रोन तैनात करने की तयारी में है। इन ड्रोन की खास बात यह होगी कि यह एक बार में एक टन तक पानी लेकर जंगलों में लगी आग बुझाने में सक्षम होंगे। इसके साथ ही स्मार्ट इलेक्ट्रिक फेंसिंग और सैटेलाइट आधारित निगरानी प्रणाली भी शुरू की जाएगी, ताकि वन्य जीवों की गतिविधियों पर लगातार नजर रखी जा सके।
दुर्गम स्थानों में आसानी से पहुंचेंगे ड्रोन
राज्य के वन मंत्री आरवी रंजीत कुमार ने इस फैसले की जानकारी देते हुए बताया कि इससे बढ़ते तापमान, लंबे सूखे और जंगलों में आग की बढ़ती घटनाओं जैसी चुनौतियों से प्रभावी ढंग से निपटा जाएगा। यह ड्रोन उन दुर्गम और दूरदराज के जंगलों में भी आसानी से पहुंच सकेंगे, जहां पारंपरिक दमकल वाहन और राहत दल समय पर नहीं पहुंच पाते। राज्य सरकार की इस परियोजना का उद्देश्य एक ओर लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करना है, वहीं दूसरी ओर वन्यजीव संरक्षण को भी मजबूत करना है।











